पेशाब पीता रहा…सांसें चलती रहीं, कुछ इस तरह मौत से लड़ता रहा युवक
तुर्की और सीरिया में आए भूकंप के बाद झकझोर देने वाली तस्वीरें और वीडियोज़ सामने आ रहे हैं. मलबे में जिंदगी की तलाश जारी है. भूकंप की विनाशलीला के 5 दिन बाद भी चमत्कार देखने को मिल रहे हैं.
ताजा मामला तुर्की है, जहां 17 साल के एक लड़के ने मलबे में जिंदा रहने के लिए अपना पेशाब पिया. शख्स ने दावा किया कि उसने खुद को सोने से रोकने के लिए हर 25 मिनट में अपने फोन का अलार्म सेट किया. हालांकि दो दिनों के बाद बैटरी खत्म हो गई.
17 साल के युवक अदनान मुहम्मद कोरकुट ने एबीसी न्यूज को बताया कि जब भूकंप आया तो वह अपने परिवार के साथ घर में सो रहा था, लेकिन अचानक वह ऐसी स्थिति में आ गया कि वह हिल भी नहीं पा रहा था.
🇹🇷Adnan Muhammet Korkut, yang diselamatkan setelah 94 jam di Gaziantep, ia bertahan hidup dengan memakan bunga yang ditanam ibunya: "Saya mengatur alrm ponsel 25 menit agar tidak tidur di bawah reruntuhan. Saya banyak berdo'a, berdo'a & berdo'a.Saya bersuara & didengar tim AFAD." pic.twitter.com/PmLxbEPhq3
— Isti_F (@IFyou_611) February 11, 2023
तुर्की के गाजियांटेप शहर का रहने वाला युवक करीब 94 घंटों तक मलबे में दबा रहा. पेशाब पीने के अलावा युवक ने पास पड़े पौधों के फूल भी चबाए.
डर था बचूंगा या नहीं- युवक
अस्पताल में इलाज के दौरान शख्स ने कहा कि मैं बाहर की आवाजें सुन रहा था. मुझे पता था कि बाहर बचाव दल के लोग तलाशी अभियान चला रहे हैं, लेकिन मुझे डर था कि वह मेरी आवाज़ सुन सकेंगे या नहीं. इतना ही नहीं युवक को यह भी डर था कि बचाव के दौरान मैं गलती से मलबे के अंदर कुचल न जाऊं, क्योंकि मलबे को हटाने के लिए बड़ी-बड़ी मशीनों का इस्तेमाल हो रहा था. भूकंप के चार दिनों बाद आखिरकार बचाव दल ने युवक को ढूंढ लिया. एबीसी न्यूज से बात करते युवक ने बचाव दव का शुक्रिया अदा किया.