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EPFO Update: 7 करोड़ खाताधारकों को मिलेगा अधिक ब्याज, जानिए कितनी होगी बढ़ोतरी

EPFO Update: ईपीएफओ (EPFO) के 7 करोड़ खाताधारकों के लिए अच्छी खबर है! सरकार जल्द ही पीएफ पर ब्याज दर बढ़ाने का ऐलान कर सकती है, जिससे कर्मचारियों को अधिक लाभ मिलेगा। ब्याज दर में संभावित बढ़ोतरी पर चर्चा जारी है, और जल्द ही इसका आधिकारिक ऐलान हो सकता है। इससे रिटायरमेंट सेविंग्स में इजाफा होगा। जानें कितनी बढ़ सकती है ब्याज दर और इसका लाभ कब तक मिलेगा, नीचे पढ़ें पूरी डिटेल।
 
 
EPFO Update: 7 करोड़ खाताधारकों को मिलेगा अधिक ब्याज, जानिए कितनी होगी बढ़ोतरी
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Haryana update : निजी क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए एक अच्छी खबर आ रही है। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए कर्मचारी भविष्य निधि (EPF) पर ब्याज दर तय करने की तैयारी कर रहा है। इस बार ब्याज दर 8% से ऊपर रहने की उम्मीद जताई जा रही है। पिछले साल यह दर 8.25% थी और इस साल भी इसी के आसपास रहने की संभावना है। 28 फरवरी को EPFO का सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज (CBT) इस मुद्दे पर अंतिम निर्णय लेगा।

EPF अकाउंट में कैसे कटता है पैसा?

प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले कर्मचारियों की बेसिक सैलरी का 12% EPF खाते में जमा होता है। इसके साथ ही कंपनी भी इतनी ही राशि कर्मचारी के खाते में जमा करती है। देशभर में EPFO के करीब 7 करोड़ सब्सक्राइबर्स हैं, जो इस योजना का लाभ उठाते हैं।

EPFO की बैठक और संभावित फैसले

सूत्रों के अनुसार, EPFO की इन्वेस्टमेंट कमिटी और अकाउंट्स कमिटी की अगले हफ्ते बैठक होगी। इन बैठकों में EPFO की इस साल की कमाई और खर्च की समीक्षा की जाएगी और ब्याज दर को लेकर फैसला लिया जाएगा। अधिकारी का कहना है कि इस साल EPFO के निवेश पर अच्छा रिटर्न मिला है और नए सब्सक्राइबर्स भी जुड़े हैं, लेकिन क्लेम सेटलमेंट की संख्या भी काफी ज्यादा रही है।

क्लेम सेटलमेंट के आंकड़े

  • 2024-25: EPFO ने अब तक 5.08 करोड़ से ज्यादा क्लेम निपटाए हैं, जिनकी कुल राशि ₹2.05 लाख करोड़ है।
  • 2023-24: पिछले साल 4.45 करोड़ क्लेम निपटाए गए थे, जिनकी कुल राशि ₹1.82 लाख करोड़ थी।

इस साल ज्यादा निकासी होने के कारण ब्याज दर को संतुलित करने पर विचार किया जा रहा है।

कैसे तय होती है EPF पर ब्याज दर?

EPFO की ब्याज दर तय करने की प्रक्रिया कई चरणों में पूरी होती है:

  1. EPFO द्वारा ब्याज दर का प्रस्ताव तैयार किया जाता है।
  2. CBT (Central Board of Trustees) की मंजूरी ली जाती है। इस बोर्ड की अध्यक्षता श्रम और रोजगार मंत्री करते हैं और इसमें कर्मचारी, नियोक्ता और राज्य सरकारों के प्रतिनिधि शामिल होते हैं।
  3. वित्त मंत्रालय (Ministry of Finance) की अंतिम मंजूरी ली जाती है।
  4. वित्त मंत्रालय की मंजूरी के बाद ही ब्याज दर लागू होती है और EPFO सदस्यों के खातों में जमा की जाती है।

पिछले वर्षों की ब्याज दरें

  • 2023-24: 8.25%
  • 2022-23: 8.15%
  • 2021-22: 8.10%

इस साल भी ब्याज दर 8.25% के आसपास रहने की संभावना है, जिससे EPFO खाताधारकों को अच्छा रिटर्न मिल सकता है।

EPF खाताधारकों को क्या फायदा होगा?

अगर EPFO इस साल भी 8.25% ब्याज दर बनाए रखता है, तो खाताधारकों को उनके पीएफ बैलेंस पर बेहतर रिटर्न मिलेगा। साथ ही, जिन लोगों की लंबी अवधि तक जमा राशि बनी रहती है, उन्हें इसका ज्यादा फायदा होगा।

अब सभी की नजर 28 फरवरी को होने वाली बैठक पर टिकी है, जिसमें यह तय किया जाएगा कि EPF पर कितनी ब्याज दर मिलेगी।