चीन -अमेरिका के बीच तनाव की लहरें, चीन चाहता है शांति वार्तालाप से मामला सुलझाना
Haryana Update:4 जून को चीन के रक्षा मंत्री ने एसिया के सुरक्षा शीर्ष सम्मेलन में कहा की संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ संघर्ष एक असहनीय आपदा होगी। उन्होने शांति से मामला सुलझाने का सुझाव दिया ।
अमेरिकी रक्षा मंत्री से मिलने से इनकार करने के कुछ दिनों बाद शांगफू ने यह बात कही कि दुनिया चीन और अमेरिका के एक साथ बढ़ने के लिए काफी बड़ी है गौरतलब है कि चीनी रक्षा के रूप में ली को इसी साल मार्च में नामित किया गया था. शांगरी-ला डायलॉग उनका पहला सबसे बड़ा international संबोधन भी है।
चीन के पास भी संसाधनो कि कमी नहीं है और अमेरिका भी एक स्ट्रॉंग contry है अब अगर चीन सुलह चाहता है तो इसमें अब अमेरिका क्रोध में आ चुका है ।
जब सिंगापुर में हुए शंगरी-ला डायलॉग डिफेंस समिट में अमेरिका के रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टिन और चीन के रक्षा मंत्री ली शांगफू आए हुए थे तो दोनों का एक दूसरे के प्रति रूखा भाव दिखा । दोनों ने हाथ भी रूखेपन से मिलाये । यह माहौल दोनों के बीच इसलिए था क्यूंकी चीन ने अमेरिका द्वारा किए मिलन कि पेशकस को इस से पहले ठुकरा दिया था ।
अभी एक और मामला सामने आया है जिसमें चीन के एक जहाज ने अमेरिका के जहाज को समुन्दर में गलत तरीके यानि un-safely overtake किया है । इस घटना ने तनाव और बढ़ा दिया है । अमेरिका ने अब चीन को सीधा ललकारा है ।
गौरतलब है कि हाल ही में दक्षिण चीन सागर में एक चीनी जहाज ने अमेरिकी जहाज को असुरक्षित तरीके ओवरटेक किया है, जिसके बाद दोनों देशों के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है. अमेरिका ने इस घटना के बाद चीन को चेतावनी भी दे डाली है.