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संसद में कानून पास, जानें क्या-क्या किए गए बदलाव

Israel Law: 120 सदस्यों वाली इजरायल की संसद में यह विवादित कानून 61-47 वोट से पारित हो गया है. इस कानून के पारित होने के बाद प्रदर्शन और उग्र हो गए हैं.

 
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इजरायल में बेंजामिन नेतन्याहू के प्रधानमंत्री बनने के बाद से ही कानूनों में संशोधन को लेकर जनता सड़कों पर प्रदर्शन कर रही है. इन सबके बीच इजरायल की संसद ने गुरुवार को एक और विवादित कानून को पारित कर दिया. हालांकि पहले ही इसके खिलाफ विरोध-प्रदर्शन चल रहे हैं. वहीं प्रदर्शनकारियों का कहना है कि इस कानून से देश में लोकतंत्र खत्म हो जाएगा.

फिलहाल प्रधानमंत्री (पीएम) बेंजामिन नेतन्याहू की सरकार ने इस कानून को मंजूरी दे दी है. मीडिया रिपोर्ट से मिली जानकारी के मुताबिक इस कानून के पारित हो जाने से किसी नेता को अब शासन करने से अयोग्य करार नहीं दिया जा सकेगा. इसके अलावा संसद को न्यायपालिका में हस्तक्षेप का अधिकार भी मिल जाएगा.

  • इसमें न्यायालय में जजों की नियुक्तियों के अलावा संसद को यह भी अधिकार मिल जाएगा की वो सुप्रीम कोर्ट के फैसले को पलट दे. साथ ही इजरायली नेता पर चल रहे भ्रष्टाचार के मामलों में भी कानूनी बदलाव किया जा सकेगा.

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  • 120 सीटों वाली इजरायल की संसद में यह कानून 61-47 वोट से पारित हो गया है. इस कानून के पारित होने के बाद प्रदर्शन और उग्र हो गए हैं.

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  • वहीं इजरायल के पूर्व पीएम येर लापिद ने नेतन्याहू सरकार के इस फैसले का विरोध करते हुए कहा कि यह आज तक का सबसे भ्रष्ट कानून है. लापिद ने आरोप लगाया कि इस कानून की आड़ में पीएम नेतन्याहू अपनी कुर्सी बचाना चाहते हैं.
  • दरअसल नेतन्याहू सरकार ने काफी दिनों से विवादित कानूनों के खिलाफ चल रहे प्रदर्शनों को दरकिनार करते हुए इस कानून को पारित करा लिया.
  • ब इस कानून की वजह से इजरायल की न्यायपालिका कमजोर हो जाएगी औऱ संसद की ताकत बढ़ जाएगी. लोगों का मानना है कि इससे सरकार निरंकुश हो जाएगी.
  • हालांकि कुछ दिनों पहले प्रदर्शनों के देखते हुए पीएम नेतन्याहू ने कहा था कि हम बिल को लेकर दूसरे पक्षों की बातों पर भी ध्यान दे रहे हैं. उन्होंने कहा कि वैसे हम पहले ही इसमें काफी बदलाव कर चुके हैं.