Haryana Kisan News: किसानों के लिए खुशखबरी! गेहूं की फसल को लेकर आई अच्छी खबर
गेहूं की फसल में बढ़िया अंकुरण
करनाल स्थित राष्ट्रीय गेहूं एवं जौ अनुसंधान संस्थान के निदेशक डॉ. रतन तिवारी ने बताया कि तेज धूप के बावजूद गेहूं की फसल पर इसका कोई नकारात्मक असर नहीं पड़ा है। रिपोर्ट के अनुसार, गेहूं की फसल में अंकुरण और भुट्टे निकलने शुरू हो गए हैं, जो पूरी तरह से सही स्थिति में हैं।
गेहूं के उत्पादन का लक्ष्य 115 मिलियन टन
संस्थान के निदेशक के अनुसार, इस बार गेहूं उत्पादन का लक्ष्य 115 मिलियन टन रखा गया है। अभी तक की रिपोर्ट और फसल की बढ़ोतरी को देखते हुए यह कहा जा सकता है कि लक्ष्य की ओर सही दिशा में बढ़ रहे हैं। इस बार गेहूं की फसल में पिछली बार की तुलना में अधिक कल्ले देखने को मिल रहे हैं, जिससे पैदावार में बढ़ोतरी की उम्मीद है।
किसानों के लिए सिंचाई को लेकर सलाह
संस्थान निदेशक ने किसानों से अपील की है कि इन दिनों हवाएं चल रही हैं, इसलिए यदि वे सिंचाई करने की योजना बना रहे हैं तो दिन की बजाय शाम को सिंचाई करें। शाम के समय हवा की गति थोड़ी कम हो जाती है, जिससे सिंचाई का अधिक लाभ मिलेगा और पानी की बर्बादी भी नहीं होगी।
पीला रतुआ रोग से बची फसल
संस्थान निदेशक ने कहा कि इस बार हम भाग्यशाली रहे कि गेहूं की नई किस्मों के उपयोग से फसल में पीला रतुआ रोग नहीं देखा गया। यह किसानों के लिए एक राहत भरी खबर है, क्योंकि यह रोग फसल को काफी नुकसान पहुंचा सकता था।
फिलहाल मौसम का असर फसलों पर अनुकूल बना हुआ है, और अगर मौसम विभाग की भविष्यवाणी सही साबित होती है, तो हरियाणा में गेहूं की अच्छी पैदावार होने की पूरी संभावना है।