IND vs AUS: साहा की जगह इस खिलाड़ी ने लिया स्थान, भरत का डेब्यू
 

ऋषभ पंत के चोटिल होने के बाद भारतीय टीम में उनकी जगह को लेकर जो बहस चल रही थी वो खत्म हो गई है.
 

IND vs AUS:   इस रेस में इशान किशन और केएस भरत के बीच में जंग थी. माना जा रहा था कि किशन को मौका मिल सकता है क्योंकि वह पंत की तरह आक्रामक खेलते हैं.

 

लेकिन विकेटकीपिंग में उनका हाथ उतना मजबूत नहीं है जितना भरत का है.इसी कारण संभवत: भरत ने बाजी मार ली और आज यानी नौ फरवरी 2023 को उनके टेस्ट डेब्यू का इंतजार खत्म हो गया. वह नागपुर के विदर्भ क्रिकेट संघ (वीसीए) स्टेडियम में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपना पहला इंटरनेशनल मैच खेलने जा रहे हैं.

 

ये पिच स्पिनरों की मददगार है. ऐसे में टीम इंडिया को ऐसा विकेटकीपर चाहिए था जो विकेट के पीछे मुस्तैद हो और स्पिनरों के खिलाफ अच्छी कीपिंग कर सके.

भरत अपने आप को इस मामले में कई बार साबित कर चुके हैं कि वह इस तरह की पिचों पर दमदार कीपिंग करने का दम रखते हैं.इसलिए उन्हें किशन पर तरजीह दी गई है.

साहा का लिया था स्थान

पिछले साल न्यूजीलैंड की टीम भारत के दौरे पर थी. इस सीरीज में भरत भी टीम इंडिया का हिस्सा थे. कानपुर में खेले गए मैच में रिद्धिमान साहा को मौका मिला था लेकिन ये विकेटकीपर-बल्लेबाज चोटिल हो गया था.

ऐसे में भरत को बतौर सब्सीटियूट विकेटकीपिंग करने का मौका मिला था. इस मैच में भी विकेटकीपिंग आसान नहीं थी, लेकिन भरत ने बेहतरीन खेल दिखाया था और कुछ शानदार कैच लपक प्रभावित किया था. आज उनका वही प्रदर्शन उनके काम आया है और इसी कारण इस स्पिनरों की मददगार पिच पर उनकी कीपिंग को ध्यान में रखते हुए उनको चुना गया है.

आईपीएल में भी भरत अपने खेल से प्रभावित कर चुके हैं. वह विराट कोहली की रॉयल चैलेंजर्स बेंगलोर का हिस्सा रह चुके हैं और पिछले साल दिल्ली कैपिटल्स में आए थे. आईपीएल में उन्हें मौके कम मिले हैं लेकिन जितने मौके मिले उनमें भरत ने प्रभावित किया है.

86 मैचों का अनुभव

भरत वो खिलाड़ी हैं जो लंबे समय से घरेलू क्रिकेट में खेल रहे हैं.वह घरेलू क्रिकेट में आंध्र प्रदेश के लिए खेलते हैं. इस टीम के लिए खेलते हुए भरत ने अभी तक 86 फर्स्ट क्लास मैच खेले हैं और इनमें37.95 की औसत से 4707 रन बनाए हैं. उनके नाम नौ शतक और 27 अर्धशतक हैं.उनके पास 64 लिस्ट-ए मैचों का भी अनुभव है. इन मैचों में भरत ने 33.62 की औसत से 1950 रन बनाए हैं. इसमें उनके नाम छह शतक और छह अर्धशतक हैं.